जयपुर। राजस्थान सरकार ने जयपुर मेट्रो के विस्तार को लेकर बड़ा फैसला किया है। अब 204 करोड़ रूपए की लागत से इसका विस्तार जाएगा। विस्तार के लिए 204.81 करोड़ रूपए की स्वीकृति जारी कर दी गई है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जयपुरवासियों के लिए मेट्रो सुविधा को और अधिक सुलभ बनाने की दिशा में जयपुर मेट्रो के फेज-1-डी (मानसरोवर से अजमेर रोड चौराहा) के निर्माण के लिए यह वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।
बता दें कि गहलोत ने बजट वर्ष 2022-23 में जयपुर मेट्रो का विस्तार करते हुए बड़ी चौपड़ से दिल्ली-आगरा हाइवे पर ट्रांसपोर्ट नगर को (फेज-1-सी) एवं मानसरोवर से अजमेर रोड चौराहा (फेज-1-डी) को मेट्रो द्वारा जोड़ने की घोषणा की थी। वर्तमान में जयपुर के मानसरोवर से बड़ी चौपड़ तक मैट्रो संचालित है।
माना जा रहा है कि इस विस्तार के बाद अजमेर रोड़ के लोगों को भारी ट्रेफिक जाम की समस्या से निजात मिल सकेगी। और बड़ी संख्य...
सीकर (जितेंद्र सिंह शेखावत)। "कभी खाचरियावास" के "पाणी" को लेकर बुज़ुर्ग यह कहते नहीं थकते थे कि .. हमारे गांव के पाणी की ताकत दूसरी जगह के शुद्ध देशी घी से भी बढ़कर है। इसे बुद्धि को चमतकृत करने वाला जल माना जाता था। इसी जल का कमाल था कि इस गांव में जन्मे भेरोसिंह शेखावत राजस्थान के तीन बार मुख्यमंत्री और देश के उप राष्ट्रपति बने।
वर्तमान में इस गांव के प्रताप सिंह खाचरियावास कैबिनेट मंत्री हैं। अब विडंबना यह है, कि गांव की धरती के पेट में अब एक बूंद पानी भी नहीं बचा है। खेती नष्ट हो गई और प्यास बुझाने के लिए लोगों को दूरदराज से पानी टैंकरों से खरीदना पड़ रहा है। पानी का ही कमाल रहा कि "खाया पीया" सारा हजम हो जाता और जुखाम तक नहीं लगती थी।
ताकतवर, स्वादिष्ट और बुद्धि को चमत्कृत करने वाला खाचरियावास का वो पौष्टिक "जल" न जाने अब कहां चला ग...
राजस्थान सरकार ने एक बड़ा फैसला करते हुए राजस्थान में तैनात 30 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। कई अधिकारियों को उनकी हल्की वर्क परफॉर्मेंस के आधार पर जहां हल्की पोस्टिंग दी गई है, वहीं कुछ अधिकारियों की बेहतरीन परफॉर्मेंस को देखते हुए उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मा सौंपा गया है। आगामी साल होने वाले विधानसभा चुनाव के मद्देनजर एक बड़ा फेरबदल माना जा रहा है।
राजस्थान सरकार चुनावों से पहले एक्शन मोड में नजर आने लगी है। राजस्थान के नए डीजीपी की घोषणा के बाद अब 30 आईएएस अफसरों के तबादले कर दिए गए हैं। 6 प्रशासनिक अधिकारियों को अतिरिक्त चार्ज भी दिया गया है। आनंद कुमार को गृह विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। अतिरिक्त मुख्य सचिव के तौर पर अभय कुमार को ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के साथ खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामलात विभाग का जिम्मा सौंपा गया है। अपर्णा अरोड़ा को ग्रामीण विकास ...
जयपुर। बोल्ड और बेहतरीन निर्णय क्षमता, कार्यकुशलता और कुशल व्यवहार के लिए पहचाने जाने वाले राजस्थान के वरिष्ठ आईपीएस और डीजी इंटेलिजेंस उमेश मिश्रा अब राजस्थान के नए डीजीपी होंगे। राजस्थान में गहलोत सरकार ने नए डीजीपी की नियुक्ति के आदेश जारी कर दिए हैं। उमेश मिश्रा निवर्तमान डीपीजी एमएल लाठर का स्थान लेंगे।
एमएल लाठर 3 नवंबर को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। 1 मई 1964 को यूपी के कुशीनगर में जन्मे उमेश मिश्रा 1989 बैच के आईपीएस अधिकारी है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की पहली पसंद होने के साथ ही मिश्रा पुलिस अधिकारियों में अपनी अच्छी पकड़ रखते हैं। उनकी व्यवहार कुशलता और कार्यकुशलता हमेशा चर्चा में रही है।
उमेश मिश्रा जिला कुशीनगर यूपी के रहने वाले हैं। उमेश मिश्रा राजस्थान के चूरू, भरतपुर और पाली के जिला एसपी रहे हैं। उमेश मिश्रा का गिनती तेज तर्रार और निडर आईपीएस के तौर पर की जाती है। उमेश मिश्...
जयपुर। राजस्थान सरकार ने संवेदनशील निर्णय लेते हुए कृषि भूमि पर बसी हुई कॉलोनियों में अल्प आय वर्ग के लोगों को भूखण्डों की प्रीमियम दर में छूट देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। प्रस्ताव के अनुसार, 120 वर्गमीटर तक के आवासीय भूखण्डों की प्रीमियम दर 5 रूपये प्रति वर्गमीटर पर एवं प्रीमियम दर की चार गुना दर पर दस वर्ष की एकमुश्त लीज राशि जमा करवाने पर तथा 500 रूपए का भवन निर्माण स्वीकृति शुल्क जमा करवाने पर फ्रीहोल्ड पट्टा दिया जा सकेगा।
इनमें ऐसी कॉलोनियां शामिल हैं जिनके ले-आउट प्लान स्वीकृत हो चुके हैं अथवा सुओ-मोटो सर्वे एवं धारा 90-ए की कार्यवाही कर ले-आउट प्लान/सर्वे प्लान स्वीकृत किए जाने हैं। उल्लेखनीय है कि विभिन्न नगर पालिकाओं में उनके गठन से पूर्व अथवा मास्टर प्लान लागू होने से पूर्व कृषि भूमि पर कॉलोनियां बस चुकी हैं। इन कॉलोनियों में आर्थिक रूप से कमजोर आय वर्ग, अल्प आय वर्ग व म...
जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने प्रदेश के हर वर्ग के समग्र विकास एवं आर्थिक उत्थान के लिए राजस्थान चर्म शिल्प कला विकास बोर्ड, राजस्थान राज्य महात्मा ज्योतिबा फुले बोर्ड तथा राजस्थान राज्य रजक कल्याण बोर्ड के गठन के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।
राजस्थान चर्म शिल्प कला विकास बोर्ड
गहलोत की इस स्वीकृति से चर्म व्यवसाय से संबंधित व्यक्तियों के जीवन स्तर में वृद्धि होगी एवं उनका आर्थिक विकास सुनिश्चित हो सकेगा। इस बोर्ड के गठन से राज्य के औद्योगिक विकास में इस व्यवसाय से जुड़े लोगों की प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित होगी। साथ ही, उनके कार्यस्थल एवं विकास स्थल पर समस्त आधारभूत सुविधाओं यथा सड़क, पानी, बिजली, चिकित्सा, शिक्षा, उत्पादों के विपणन हेतु मार्केटिंग सेन्टर विकसित हो सकेंगे। इस व्यवसाय से जुड़े व्यक्तियों को आधुनिक तकनीक आधारित चर्म रंगाई एवं अन्य उत्पादों हेतु देश में प्रतिष्ठि...
नई दिल्ली। देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 1 नवम्बर को राजस्थान आएंगे और उनके इस दौरे के दौरान कई बड़ी घोषणाएं भी हो सकती हैं। उनका बांसवाड़ा के मानगढ़ धाम में अहम दौरा तय किया गया है। माना जा रहा है कि गुजरात चुनाव और इसके बाद राजस्थान विधानसभा चुनाव के लिहाज से यह दौरा काफी अहम है। दौरे को लेकर बीजेपी और प्रधानमंत्री एक नई रणनीति के तहत काम कर रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक नरेंद्र मोदी का मानगढ़ दौरा गुजरात चुनाव प्रचार का ही हिस्सा है। मगर इसे पीएमओ के कार्यक्रम के तौर पर प्रोजेक्ट किया जा रहा है। यही वजह है कि राजस्थान में यह संगठन का कार्यक्रम होने के बजाय पीएओ का कार्यक्रम है। संभावना है कि इसमें राजस्थान और गुजरात के मुख्यमंत्री भी शामिल होंगे, उन्हें इस कार्यक्रम के लिए निमंत्रण भेजा गया है। मानगढ़ दौरे से पीएम मोदी आदिवासियों के लिए कुछ बड़ी घोषणाएं कर सकते हैं। अगर ऐसा होता है तो राजस्...
संवेदनशील सरकार की अभूतपूर्व मानवीय पहल
संविदाकर्मियों को नियमित कर रही सरकार
राजस्थान कॉन्टे्रक्चुअल हायरिंग टू सिविल पोस्ट रूल्स, 2022 लागू - 1 लाख 10 हजार से अधिक संविदाकर्मियों को मिलेगा लाभ
जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को राज्य में ‘राजस्थान कॉन्टे्रक्चुअल हायरिंग टू सिविल पोस्ट रूल्स, 2022’ लागू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। ये नियम राज्य के विभिन्न विभागों में कार्यरत संविदाकर्मियों पर लागू होंगे। प्रदेश के 1 लाख 10 हजार से भी अधिक संविदाकर्मियों को इन नियमों के दायरे में लाकर लाभान्वित किया जाएगा। मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में लिए गए गहलोत के इस निर्णय से दीपावली के अवसर पर इन संविदाकर्मियों के जीवन में उजियारे की राह प्रशस्त होगी।
उल्लेखनीय है कि केन्द्रीय प्रवर्तित एवं राज्य सरकारों की विभिन्न जनकल्याणकारी...
जयपुर (जितेन्द्र सिंह शेखावत). अष्ट सिद्धि और नव निधि के आधार पर बसें ढूंढाड़ में जयपुर रियासत की महालक्ष्मी जी का सबसे पुराना मन्दिर चांदी की टकसाल में मौजूद हैं।
पुरानी राजधानी आमेर की टकसाल बंद होने के बाद सवाई जयसिंह ने जयपुर के सिरह डयोड़ी बाजार में रामप्रकाश सिनेमा के सामने चांदी सोने की मुद्रा ढालने के लिए टकसाल की इमारत बनवाई थी। इस टकसाल में सिक्के ढालने का काम शुरू किया उससे पहले प्रकांड विद्वानों ने धन की देवी महालक्ष्मी जी का अनुष्ठान किया था।
रियासत काल में माता महालक्ष्मी के इस मन्दिर में सुबह शाम आरती और विधि विधान से पूजा के बाद ही चांदी के सिक्के और सोने की मोहरे बनाने का का काम शुरू किया जाता था। इस टकसाल में मां लक्ष्मी के अलावा धन के रक्षक भैंरों जी महाराज की भी पूजा होती। टकसाल की इमारत के चारों कोनों में भोमिया जी को विराजमान किया गया है।
कहते हैं कि रियासत क...
बिजिंग। चीन में शी जिनपिंग की तानाशाही लगातार बढती जा रही है। वो अपने उन तमाम विरोधियों और चुनौती देने वाले नेताओं को निपटाने में लगे हैं जो उनकी या तो बात नहीं मानता या उनकी हां में हां नहीं मिलाता। यही कारण रहा कि उन्होंने अपने बाजू में बैठे बुजुर्ग नेता और देश के पूर्व राष्ट्रपति हू जिंताओ को जबरन मार्शल बुलाकर मीटिंग से बाहर निकाल दिया। इतना ही नहीं जिनपिंग ने शंघाई पार्टी के प्रमुख हान झेंग, पार्टी एडवाइजरी हेड वांग यांग और नेशनल पीपुल्स कांग्रेस के प्रमुख ली झांशु को भी पार्टी लीडरशिप से हटा दिया है। ली झांशु को जिनपिंग का बेहद करीबी माना जाता है। इनकी जगह जो नाम चर्चा में हैं उनमें डिंग शुशियांग, चेन मिनेरो, ली कियान्ग और हू चुनहुआ का नाम प्रमुख है। यह चारों ही नेता कम्युनिस्ट पार्टी के प्रमुख लीडर्स माने जाते हैं। शनिवार को 7 दिनों से बीजिंग में चल रही चाइनीज कम्युनिस्ट पार्टी की ह...