India

अस्पताल किसी भी कीमत पर इलाज़ से वंचित नहीं कर सकते, कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव हो या निगेटिव, इलाज के लिए जगह जरूर देनी होगी: स्वास्थ्य मंत्रालय

नई दिल्ली। कोरोना संक्रमण के बढ़ते प्रसार के बीच भारत सरकार ने एक बड़ा फैसला किया है. इसके तहत कोरोना से पीड़ित मरीजों को राहत दी गई है. स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक यदि किसी मरीज के पास कोरोना रिपोर्ट नहीं है तो उसे अस्पताल में भर्ती करने से मना नहीं किया जा सकता. कोरोना मरीज़ों को बड़ी राहत 1- कोविड स्वास्थ्य केंद्रों में मरीज़ों के दाखिले की राष्ट्रीय नीति में संशोधन 2- कोविड स्वास्थ्य केंद्रों में प्रवेश के लिए कोरोना पॉजिटिव रिपोर्ट की अनिवार्यता खत्म 3- किसी भी मरीज़ को किसी कीमत पर इलाज़ से वंचित नहीं किया जा सकता कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव हो या निगेटिव लेकिन मरीज को अस्पताल में इलाज के लिए जगह जरूर दी जायेगी. बता दें कि कोरोना महामारी के बीच देशवासियों को राहत देने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय ने बड़ा कदम उठाते हुए कोरोना की राष्ट्रीय नीति में बदलाव किया ह...

राजस्थान को मिलेगी ऑक्सीजन! मई के अंत तक पहुंचेंगे 28 हजार से ज्यादा ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर, रूस से पहुंची पहली खेप

जयपुर (अक्षरा डंगायच)। राजस्थान सरकार प्रदेश में ऑक्सीजन की कमी पूरा करने के लिए जहां उत्पादन प्लांट लगाने का काम तेज कर चुकी है वहीं अब तक 28645 ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर खरीदने के कार्यादेश जारी कर दिए हैं। मई के अंत तक सभी देशों से यह ऑक्सीजन कन्सन्ट्रेटर प्रदेश को मिल जाएंगे। कुल 36435 ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर खरीदना प्रस्तावित है। राजस्थान के चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा के मुताबिक विदेशों से मंगाए जा रहे ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर की पहली खेप के रुप में रूस से 100 ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर जयपुर पहुंच गए हैं। उन्होंने बताया कि रुस से 1250 ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर मंगाए जा रहे हैं जिसमें से शेष ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर 9, 14 और 16 मई को रुस से आने वाली फ्लाइट से आ जाएंगे। डॉ. शर्मा ने बताया कि कोरोना महामारी के चलते चिकित्सालयों में ऑक्सीजन सिलेण्डरों की देशव्यापी कमी के बावजूद राजस्थान सरकार ने...

भारतीय वायु सेना ने झौंकी ताकत, एक ही दिन में देशभर में 400 उडानें. 59 अंतरराष्ट्रीय उडानों से लाए ऑक्सीजन उपकरण और दवाएं, नौसेना भी पीछे नहीं

नई दिल्ली (विकास विजय). भारतीय वायु सेना (आईएएफ) और भारतीय नौसेना (आईएन) ने मौजूदा कोविड-19 संकट से निपटने के लिए ऑक्सीजन कंटेनरों और चिकित्सा उपकरणों के परिवहन को लेकर अपनी क्षमताओं को और प्रयासों को और तेज कर दिया है. नागरिक प्रशासन की सहायता करने  के लिहाज से 07 मई को वायुसेना के सी-17 विमानों ने देश के भीतर से 400 उड़ानें संचालित की. एक दिन भीतर इनमें से करीब 351 उड़ानों के मार्फत 4,904 मीट्रिक टन की कुल क्षमता के 252 ऑक्सीजन टैंकरों को एयरलिफ्ट किया गया और जामनगर, भोपाल, चंडीगढ़, पानागढ़, इंदौर, रांची, आगरा, जोधपुर, बेगमपेट, भुवनेश्वर, पुणे, सूरत, रायपुर, उदयपुर, मुंबई, लखनऊ, नागपुर, ग्वालियर, विजयवाड़ा, बड़ौदा, दीमापुर और हिंडन में ऑक्सीजन सप्लाई के काम में बड़ी राहत पहुंचाई गई. भारतीय वायुसेना के विमानों ने 1,252 खाली ऑक्सीजन सिलेंडरों के साथ-साथ 1,233 मीट्रिक टन कुल ...

16 मई तक के लिए देश में 53 लाख रेमडेसिविर का आवंटन, लिस्ट में देखें किस राज्य के खाते में कितने रेमडेसिविर इंजेक्शन 

दिल्ली. एक ओर जहां पूरे देश में रेमडेसिविर इंजेक्शन को लेकर हाहाकार मचा है वहीं इसकी आपूर्ति सभी राज्यों को सुनिश्चित हो सके इसके लिए केन्द्र सरकार ने करीब 53 लाख रेमडेसिविर इंजेक्शन का आवंटन कोटा जारी किया है.  साथ ही राज्य सरकारों/केंद्र शासित प्रदेशों को सलाह दी गई है कि वे संबंधित कंपनियों के संपर्क अधिकारियों के साथ निकट समन्वय स्‍थापित कर उस निश्चित मात्रा के लिए विपणन कंपनियों को तत्‍काल पर्याप्त खरीद ऑर्डर अवश्‍य दे दें, यदि उन्होंने पहले से ऐसा नहीं किया है, जिसे वे आपूर्ति श्रृंखला के अनुसार राज्य/केंद्र शासित प्रदेश हेतु किए गए आवंटन के तहत खरीदना चाहती हैं। इसके लिए राज्य में निजी वितरण चैनल के साथ भी समन्वय स्‍थापित किया जा सकता है। केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री डी.वी. सदानंद गौड़ा रेमडेसिविर की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए और इसकी पर्याप्त उपलब्...

राजस्थान में ऑक्सीजन पॉलिटिक्स और महामारी परवान पर, सत्ता पक्ष और विपक्ष में तू-तू, मैं-मैं तेज

जयपुर (आलोक शर्मा). किसी ने खूब कहा है 'बेवजह दीवार पर इल्जाम है बंटवारे का, कई लोग एक कमरे में भी अलग रहते हैं.' ऐसा ही कुछ नजारा महामारी के इस दौर में राजस्थान की राजनीति में देखने को मिल रहा है. जहां प्रदेश में महामारी से मर रहे लोगों की बाद में और खुद की सियासी जमीन की पहले सोची जा रही है. राज्य में कांग्रेस सरकार केन्द्र पर तो केन्द्रीय भाजपा नेता राज्य सरकार पर इस महामारी में ढिलाई और लापरवाही  बरतने का इल्जाम लगाने से बाज नहीं आ रहे. कहने को तो सत्ता पक्ष और विपक्ष के यह सारे नेता राजस्थान के ही हैं और राजस्थान की जनता ने ही इन्हें वोट देकर अपना नेता चुना था ताकि वक्त आने पर काम आएं. लेकिन फिर भी सियासी मजबूरी में मानो जानबूझकर यह नेता बंटे बंटे नजर आ रहे है. और लगातार राजस्थान में ऑक्सीजन पॉलिटिक्स पर तू-तू मैं-मैं जारी है. ताजा मामला राजस...

सावधान! भारत में पिछले 24 घंटों में अब तक कि सर्वाधिक 4,187 नई मौतें

दिल्ली। भारत में कोरोना का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। कोरोना की सुनामी रोज नए रिकॉर्ड बना रही है। सबसे बड़ी चिंता की बात है कि पिछले 24 घंटों में भारत में अब तक की सर्वाधिक मौतें हुई है। भारत में पिछले 24 घंटे में COVID19 के 4,01,078 नए मामले आने के बाद कुल पॉजिटिव मामलों की संख्या जहां 2,18,92,676 हो गई है वहीं 4,187 नई मौतों के बाद कुल मौतों की संख्या 2,38,270 हो गई है। देश में सक्रिय मामलों की कुल संख्या 37,23,446 है और डिस्चार्ज हुए मामलों की कुल संख्या 1,79,30,960 है। 7 मई तक देशभर में 16 करोड़ 73 लाख 46 हजार 544 कोरोना डोज दिए. 7 मई को 22 लाख 97 हजार 257 टीके लगाए गए. वहीं अब तक कुल 30 करोड़ 4 लाख से ज्यादा टेस्ट किए गए. 24 घंटो में 18 लाख कोरोना सैंपल टेस्ट किए गए, जिसका पॉजिटिविटी रेट 22 फीसदी से ज्यादा है....

सरकारी डॉक्टर और वार्ड बॉय ही कर रहा था रेमडेसिविर की कालाबाजारी, गिरफ्तार

जयपुर। जिन सरकारी अस्पतालों में आपके या आपके परिजनों के कोरोना संक्रमण के इलाज के लिए रेमडेसिविर इंजेक्शन पहुंच रहे हैं। दरअसल वह आपको या आपके मरीजों को नहीं दिया जाकर कहीं और ही कालाबाजारी की जा रही है। सुनने में भले ही यह अजीब लगे लेकिन महामारी के इस दौर में कई चिकित्सक और अस्पतालों के कार्मिक ऐसे हैं जो इस तरह के गोरखधंधे से बाज नहीं आ रहे हैं। वो तो शुक्र है जयपुर पुलिस का जिन्होंने ऐसे ही एक मामले का भंडाफोड़ किया है और मामले में एक सरकारी डॉक्टर, सरकारी वार्डबॉय के साथ निजी अस्पताल के एक कर्मचारी को गिरफ्तार कर लिया है। सबसे बड़ी शर्म की बात यह है कि जिस डॉक्टर को गिरफ्तार किया गया है वह जयपुर के अग्रवाल फार्म स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का प्रभारी है। सरकारी अस्पताल से रेमडेसिविर की कालाबाजारी करने वालों में सबसे बड़े सरकारी SMS हॉस्पिटल का वार्ड ब्वॉय भी शामिल है। जो निज...

जयपुर में कोरोना ब्लास्ट, 24 घंटे में 48 की मौत, 4902 नए केस सामने आए

जयपुर। राजस्थान की कोविड राजधानी बन गया है जयपुर।यहां पिछले 24 घंटों में रिकॉर्ड सबसे ज्यादा 4902 नए कोरोना संक्रमित मिले तो 48 लोगों की मौत हो गई। मौतों का यह आंकड़ा प्रशासन और स्थानीय लोगों के लिए चिंता का बड़ा कारण बन गया हैं। और यह इस बात की ओर भी साफ इशारा कर रहा है की राजधानी जयपुर में कोरोना का संक्रमण बड़े स्तर पर फैल गया है। यदि पूरे प्रदेश की बात करें तो राजस्थान में पिछले 24 घंटों में 18, 231 नए मामले सामने आए और 164 लोगों की मौत हो गई। जोधपुर की बात करें तो यहां 2602 नए केस मिले और 20 लोगों की मौत हो गई। उदयपुर में भी कोरोना का कहर देखने को मिला यहां 1002 नए केस मिले और 18 कि मौत हो गई।...

अंडरवर्ल्ड डॉन छोटा राजन की कोरोना से मौत की खबर, लेकिन AIIMS ने कहा अभी इलाज जारी

दिल्ली। सूत्रों के मुताबिक कोरोना से देश के एक और बड़े अपराधी की मौत हो गई है। देश के कुख्यात अंडरवर्ल्ड डॉन छोटा राजन की कोरोना वायरस संक्रमण से मौत होने की बात सामने आई है। पिछले दिनों ही छोटा राजन को कोविड संक्रमण से इलाज के लिए एम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही थी। हालांकि एम्स ने एक बयान जारी कर उसकी मौत की खबर को गलत बताया है। देश के प्रमुख चैनल्स पर चली इस खबर के बाद एम्स ने बयान जारी कर कहा कि अभी छोटा राजन का इलाज जारी है उसकी मौत नहीं हुई है। हालांकि बता दें कि छोटा राजन को तिहाड़ जेल में बंद रहने के दौरान कोरोना ने अपनी जकड़ में ले लिया था। इसके बाद अप्रैल के आखिरी सप्ताह में उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उसे अस्पताल में एडमिट कराया गया था। जहां कई दिनों तक उसकी हालत स्थिर बनी हुई थी, लेकिन शुक्रवार को उसने दम तोड़ दिया, ऐसी खबरें द...

90 फ़ीट गहरे बोरवेल में गिरे 4 साल के बच्चे को जिंदा बचाया गया

जालोर। कहते हैं ना कि जाको राखे साइयां मार सके ना कोई... और ऐसा ही कुछ देखने को मिला है राजस्थान के जालौर में। ज़िले के सांचौर के लाछड़ी गांव में कल बोरवेल में गिरा 4 साल का बच्चा बचा लिया गया। सांचौर के एसडीएम ने बताया, "बच्चा पूरी तरह सुरक्षित है, उसे अस्पताल में भर्ती करा​ दिया गया है।" 6 मई को गांव के खुले बोरवेल में यह चार साल का बच्चा गिर गया था। यह बोरवेल 90 फीट गहरा था। जिसके तुरंत बाद हरकत में आए परिजनों और और प्रशासन के जबरदस्त मैनेजमेंट और रेस्क्यू ऑपरेशन से इस बच्चे को जिंदा बचा लिया गया। बच्चे को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए कई घंटे बचाव कार्य चलाया गया।  संतुलन बिगड़ने पर बच्चे का पांव फिसल गया था और वह बोरवेल में गिर गया था। परिजनों को जब इस बात का पता चला तो पहले उन्होंने अपने स्तर पर बचाव कार्य शुरू किया था। सफलता नहीं मिलने पर पुलिस व प्रशासन को सू...