नई दिल्ली(राकेश दाधीच). भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक बड़ी महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए 101 से ज्यादा रक्षा उपकरणों की खरीद पर रोक लगा दी. साथ ही ऐलान किया कि अब आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत इनका निर्माण देश में ही किया जाएगा. यानी रक्षा उत्पादन के स्वदेशीकरण को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने कमर कस ली है.
इन 101 वस्तुओं में सिर्फ सामान्य उपकरण या वस्तुएं ही शामिल नहीं हैं बल्कि उच्च तकनीक वाले हथियार सिस्टम भी शामिल हैं, जैसे आर्टिलरी गन, असॉल्ट राइफल्स, ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट, एलसीएच रडार आदि आइटम. यह वो उपकरण हैं जो हमारी रक्षा सेवाओं की जरूरतों को पूरा करने में अहम योगदान देते हैं.
भारत सरकार के इस निर्णय से भारतीय रक्षा उद्योग को खुद के डिजाइन और विकास क्षमताओं का उपयोग करके या फिर डीआरडीओ द्वारा विकसित तकनीकों को अपनाकर सशस्त्र बलों की आवश्यकताओं को पूरा करने...
मास्को/नई दिल्ली. देश और दुनिया के लिए राहत की बड़ी खबर है. विश्वभर में कोरोना के कोहराम से मचे हाहाकार पर जल्द ही शिकंजा कसने वाला है. कोरोना को मात देने वो जादुई दवा अब तैयार हो चुकी है जिसका इंतजार दुनियाभर को था. मौत की चित्कारों और हाहाकार के बीच लोगों की प्रार्थना का ही असर है कि अब कोरोना वायरस वैक्सीन को लेकर दुनिया का इंतजार खत्म होता दिख रहा है.
रूस के स्वास्थ्य मंत्री मिखाइल मुराश्को ने दावा किया है कि 'रूस की वैक्सीन ट्रायल में सफल रही है. रूस रक्षा मंत्रालय और गमलेया नैशनल सेंटर फॉर रिसर्च द्वारा तैयार वैक्सीन के क्लिनिकल ट्रायल में 100 फीसदी सफल परिणाम मिले हैं. अब अक्टूबर में रूस में बडे पैमाने पर लोगों के टीकाकरण काम काम शुरू होगा. वैक्सीन को लगाने में आने वाला पूरा खर्च रूस की सरकार उठाएगी.'
इतना ही नहीं...
नई दिल्ली. भारतीय वायुसेना के बेडे में अब राफेल का जलवा देखने को मिलेगा. अंबाला में भारतीय वायु सेना के एयरबेस पर पांचों राफेल विमान की हैप्पी लैंडिंग हुई. ये विमान फ्रांस से 7 हजार किलोमीटर की दूरी तय करके भारत पहुंचे. भारत ने वायुसेना के लिये 36 राफेल विमान खरीदने के लिये चार साल पहले फ्रांस के साथ 59 हजार करोड़ रुपये का करार किया था.
पांच राफेल विमानों ने सोमवार को फ्रांसीसी शहर बोडरे में मेरिनैक एयर बेस से उड़ान भरी थी. बेड़े में तीन सिंगल सीटर और दो डबल सीट वाले विमान शामिल हैं. इन्हें भारतीय वायुसेना में इसके 17वें स्क्वाड्रन के हिस्से के रूप में शामिल किया जा रहा है. अंबाला एयर बेस पर 'गोल्डन एरो' के रूप में भी जाना जाता है. पूर्वी लद्दाख में चीन के साथ जारी गतिरोध के बीच राफेल मौजूदा परिदृश्य में भारत के लिए एक गेम चेंजर होगा. कहा जा रहा है कि यह भारत की वायुशक्ति को कई ...
नई दिल्ली. देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सोशल मीडिया प्लेटाफॉर्म ट्विटर पर लोकप्रियता लगातार नए रिकॉर्ड बना रही है. इसी कड़ी में अब मोदी के फॉलोअर्स की संख्या 6 करोड़ पहुंच गई है. बड़ी बात यह है कि पिछले 10 माह में मोदी के 1 करोड़ फॉलोअर्स बढ़े.
माइक्रो ब्लॉगिंग साइट ट्विटर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जहां 6 करोड़ लोग फॉलो करते हैं, वहीं पीएम मोदी 2,354 लोगों को फॉलो करते हैं. मोदी ट्विटर पर भारत ही नहीं दुनिया भर के उन नेताओं में शामिल हैं जिन्हें सबसे अधिक फॉलो किया जाता है. वैश्विक स्तर पर भी मोदी की ट्वीटर पर लोकप्रियता लगातार बढती जा रही है. मोदी ने साल 2009 में ट्विटर पर अपना अकाउंट चालू किया था, जिसके बाद से लगातार उनकी लोकप्रियता बढती गई. देश में इस वक्त कोई भी इस मामले में मोदी से आगे नहीं है.
माना जाता है कि ट्विटर का इस्तेमाल भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का...
नई दिल्ली. भारतीय सेना और चीन की लद्दाख के गलवान घाटी में हुई झड़प के बाद भारत एक्शन के मूड में आ गया है. अब चीन से जुड़े हुए मोबाइल एप भी भारत में बैन किए जाने की तैयारियां है.
इंटेलिजेंस के सूत्रों की माने तो भारत को सुरक्षा कारणों से इन एप से दूर रहने की नसीहत दी गई है. इससे जुड़ा प्रस्ताव भी केंद्र सरकार को इंटेलिजेंस ने दिया है. इसमें कई ऐसे ही चाइनीज एप हैं जो भारत की सुरक्षा के लिहाज से भी खतरनाक है. वहीं इनके जरिए भारतीयों का डेटा चोरी किया जा रहा है.
इनमें Tiktok, like, UC browser, Mi Community, Mi Store, Mi Video call-Xiaomi, Clean master जैसे कई एप शामिल हैं.
उधर सरकार चाहती है कि इनको सरकारी स्तर पर बैन करने के बजाय खुद लोग ही अपने स्तर पर इस्तेमाल करना बंद कर दें. हालांकि सरकार की तरफ से अब तक इन एप्स को ब्लॉक करने या न यूज करने को लेकर कोई ऑफिशियल स्टेटमेंट जारी नहीं ...
बीजिंग. दुनिया को अक्सर अपनी उपलब्धियों, अपनी हरकतों और अपनी चालबाजियों से अचंभित कर देने वाले चीन ने एक बार फिर दुनिया में अलग तरह का धमाका किया है. इस बार चीन ने धमाका दुनिया की पहली 3D न्यूज़ एंकर लांच करके किया है, जिसको दुनियाभर में बड़ी ही उत्सुकता के साथ देखा जा रहा है, सुना जा रहा है, और चीन की इस तकनीक की तारीफ तक भी की जा रही है.
कुछ लोगों का यह भी मानना है कि चीन ने कोरोना महामारी के बीच उसकी खराब हुई छवि से ध्यान हटाने के लिए यह सब किया है.
चीन में एक न्यूज एजेंसी की ओर से लांच यह आर्टिफिशियल इंटलीजेंस से चलने वाली 3D एंकर आम एंकर की तरह ही हिल डुल सकती है. तो खबरों के मुताबिक अपने हाव-भाव भी बदलने में माहिर है. बोलने में फर्राटेदार मंझी हुई न्यूज़ एंकर जैसी लगने वाली इस 3D एंकर को एक असल पत्रकार के रूप और हाव भाव की क्लोनिंग कर तैयार किया गया है. यह आभासी होते हुए भी अस...
इजरायल. दुनिया के लिए इस वक्त की सबसे बड़ी खबर आई है. खबर भी ऐसी की जिसको सुनने को पूरी दुनिया बेताब है. दुनिया की महाशक्तियां अब तक इस काम में पस्त नजर आई हैं और कोई सफलता अभी तक नहीं मिली है वहीं इजरायल ने कोरोना वायरस का टीका बना लेने का बडा दावा किया है और जल्द ही इसका पेटेंट कराने की बात कही है.
कोरोना वायरस महासंकट के बीच इजरायल के रक्षा मंत्री नफताली बेन्नेट ने यह दावा करते हुए कहा कि 'देश के वैज्ञानिकों ने इस महामारी का टीका बना लिया है. रीसर्च इंस्टीट्यूट ने कोरोना के एंटीबॉडी को तैयार करने में बड़ी सफलता हासिल की है. कोरोना वैक्सीन के विकास का चरण पूरा हो गया है, अब हम उत्पादन के लिए तैयारी कर हैं.'
हालांकि मंत्री ने अपने बयान में यह नहीं बताया कि क्या इस वैक्सीन का इंसानों पर ट्रायल किया गया है या नहीं. पर इजरायल का यह दावा पू...
जापान. कोरोना के आतंक से दुनिया संकट में है. जापान भी इससे अछूता नहीं है. चीन का पड़ोसी होने से जापान को बड़ा खतरा है. पर जापान को दुनिया इस लिहाज से जानती है कि देश छोटा जरुर है लेकिन हौसले बहुत बड़े हैं. खत्म हो जाने के बाद फिर से खड़ा होना जापान से सीखा जा सकता है. हिरोशिमा और नागासाकी पर हमले के बावजूद खत्म हो चुके जापान ने विश्व के सामने जो उदाहरण पेश किया वो किसी से छुपा नहीं है.
अक्सर जापान ऐसे कई उदाहरण पेश कर चुका है जो वहां की तकनीक और हौसलों के जरिए दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींचता है. ताजा मामला कोरोना के दुनियाभर के साथ जापान में फैले आतंक का है. जापान में कोरोना वायरस के चलते स्प्रिंग ग्रैजुएशन सेरिमनी कैंसल कर दी गईं. पर जापान के स्टूडेंट लाइफ का यह अहम दिन होता है.
स्टूडेंट्स की भावना समझते हुए जापान के टोक्यो की बिजनस ब्रेकथ्रू यूनिवर्सिटी ने अनूठा हाईटेक तरीका अपनाया....
वुहान/न्यूयॉर्क. दुनियाभर में आतंक मचाने वाला कोरोना वायरस कैसे काबू में आएगा? इसके लिए भारत, अमेरिका, चीन, जापान, रशिया से लेकर हर कोई बड़ा देश अपने-अपने स्तर पर प्रयास कर रहा है. हर कोई उम्मीद कर रहा है कि किसी भी तरह से एकबारगी तो इसको कंट्रोल करने की दवा तैयार कर ली जाए या वैक्सीनेशन बना लिया जाए.
इस खबर में हम दो राहतभरी बातें आपके साथ शेयर करेंगे. एक चीन के वुहान में वैज्ञानिकों द्वारा किए जा रहे प्रयोग की और दूसरा अमेरिका के एक साइंटिस्ट के उस दावे की जिसमें उन्होंने कोरोना का इलाज खोजने का दावा किया है. यह दोनों ही खबरें लोगों को कोरोना संकट के इस दौर में आशा की एक नई किरण नज़र आ रही है.
सबसे पहले बात अमेरिका की करें तो एक बड़ा दावा अमेरिकी साइंटिस्ट डॉ. जैकब ग्लानविले ने किया है. यह वही साइंटिस्ट हैं जो नेटफ्लिक्स डॉक्यूमेंट्री पैन्डेमिक से चर्चा में आए थे. डॉ. जै...
सिंगापुर/ बेंगलुरु. स्ट्रैटोलॉन्च क्या आपने यह नाम सुना है? नहीं तो हम आपको बता दें यह है दुनिया का सबसे बड़ा विमान जिसने सबसे पहली उड़ान 2019 में कैलिफोर्निया में भरी थी. करीब ढाई घंटे तक मोजावे रेगिस्तान के ऊपर इसका सफल परीक्षण हुआ. यह इतना बडा है कि इसको उडाने के लिए बोइंग-747 के छह इंजन का इस्तेमाल किया जाता है. विमान के पंख का फैलाव एक फुटबॉल मैदान से भी ज्यादा है. इस विमान का निर्माण सबसे बड़ी सॉफ्टवेयर निर्माता कंपनियों में से एक माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक पॉल एलन के विजन पर हुआ, और 2011 में इसका निर्माण शुरु हुआ. स्ट्रेटोलॉन्च ने डैनों की चौड़ाई को आधार बनाकर इसे दुनिया का सबसे बड़ा विमान बताया.
385 फीट लंबे इस विमान के पंख किसी फुटबॉल मैदान के जितने बड़े हैं, तो 17 हजार फीट की ऊंचाई तक यह विमान उडान भरने में सक्षम है. इस विमान के निर्माण का मकसद सैटेलाइट के लॉन्च पैड के रूप में क...