जयपुर। जमीन धोखाधड़ी के मामले में बेरोजगार युवाओं के नेता उपेन यादव को गिरफ्तार किया गया है। धोखाधड़ी का यह मामला करीब 5 साल पुराना है। इस मामले की जांच चल रही थी। उपेन की गिरफ्तारी बेरोजगारों की 20 सूत्री मांगों को लेकर आक्रोश रैली निकाले जाने से पहले हुई है। उपेन को सीकर जिले की सीमा से श्याम नगर पुलिस ने गिरफ्तार किया।
बता दें कि 20 सूत्री मांगों को लेकर राजस्थान बेरोजगार एकीकृत महासंघ की ओर से करीब दो महीनों से आंदोलन जारी है। गुजरात में 38 दिनों से आंदोलन के बाद वार्ता के रास्ते खुले थे। पहले गुजरात में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात हुई, तो वहीं, आंदोलन स्थगित कर राजस्थान लौटे बेरोजगारों की अधिकारियों से वार्ता हुई, लेकिन अभी तक भी कोई समाधान नहीं होने के चलते बेरोजगारों की ओर से सरदारशहर में आक्रोश रैली प्रस्तावित थी, उससे पहले उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
उधर ट्विटर पर उपेन यादव की गिरफ्तारी के खिलाफ और उनकी रिहाई की मांग ट्रेंड करने लगी है। लगातार उनके समर्थक उपेन यादव के समर्थन में ट्वीट कर रहे हैं। हालांकि जिस जमीन धोखाधड़ी के मामले में उपेन यादव को गिरफ्तार किया गया है पुलिस के सूत्रों का कहना है कि पुलिस के पास उपेन यादव के खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं।
बताया गया है कि उपेन यादव का भाई मुकेश यादव जयपुर का संगठित भूमाफिया है, जो गिरोह के रूप में कीमती भूमि के फर्जी दस्तावेज बनाकर करोड़ों की भूमि हड़प कर चुका है। इसके खिलाफ आधा दर्जन मुकदमे विचाराधीन है। उपेन यादव ने भी इस मामले में फर्जी दस्तावेज बनाने में सहयोग किया था, जो छात्र राजनीति से जुड़ा होने के कारण मुकेश यादव की मदद करता है। उपेन यादव ने इस प्रकरण में मुकेश यादव द्वारा फर्जी तरीके से तैयार दस्तावेजों पर गवाह के रूप में हस्ताक्षर किये थे और अनुसंधान अधिकारियों द्वारा बार-बार बुलाने पर भी अनुसंधान से बचता रहा है। इसके खिलाफ 2016 में मामला दर्ज हुआ था। और अब गिरफ्तारी की गई है।