शिमला(मानसी रावत)। कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे को देखते हुए हिमाचल प्रदेश सरकार सख्त हो गई है। हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन सेल की ओर से जारी बंदिशों को 10 मई तक बढ़ा दिया गया है। गुरुवार को हुई बैठक में शिक्षण संस्थान 10 मई तक बंद रखने का फैसला हुआ। वहीं शादी समारोह में सिर्फ 20 लोगों की उपस्थिति ही रहेगी। इससे पहले 50 लोगों को शामिल होने की छूट दी गई थी। इसके अलावा शादियों में धाम यानी सामूहिक भोज पर भी पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कहा कि कोविड-19 के बढ़ते मामले चिंता का विषय है। प्रदेश में मृत्यु दर भी बढ़ी है। प्रदेश में 16 हजार से ज्यादा एक्टिव केस हो गए है। प्रदेश में बेड व ऑक्सीजन की कमी नहीं है। मास्क सेनेटाइजर वेंटिलेटर पर्याप्त मात्रा में है। मामले को देखते हुए प्राइवेट हॉस्पिटल को भी सरकारी नियंत्रण में लेने का निर्णय लिया है। कांगड़ा के सिटी हॉस्पिटल, विवेकानंद अपोलो व बालाजी हॉस्पिटल इसमें शामिल हैं। आयुर्वेद कॉलेज पपरोला की 200 बेड्स की व्यवस्था की जाएगी।
इसके अलावा परोर में राधा स्वामी सत्संग में 200 बेड्स का प्रबंध किया जाएगा। शिमला में आयुर्वेद हॉस्पिटल के 50 बेड्स व आईजीएमसी में न्यू ओपीडी में भी 300 बेड्स की व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने कहा कि टेस्टिंग को बढ़ाने की दिशा में कदम उठाये जाएंगे। कोविड ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर्स को इंसेंटिव भी दिया जाएगा। जयराम ठाकुर ने कहा कि कोरोना के संकट काल में राज्य सरकार के स्तर पर कोई कमी नहीं आने दी जाएगी।