जयपुर। देश में भले ही बिजली संकट हो और कई राज्यों में बड़े स्तर पर बिजली कटौती की जा रही हो। बावजूद इसके राजस्थान सरकार आगामी 2 माह में भी भीषण गर्मी के बावजूद बेहतर बिजली आपूर्ति का दावा कर रही है।
मुख्यमंत्री गहलोत के आवास पर ऊर्जा विभाग की समीक्षा बैठक को सम्बोधित करते हुए CM ने कहा कि राज्य में भीषण गर्मी के कारण बढ़ी बिजली की खपत के बावजूद विद्युत आपूर्ति सामान्य रही है। अब प्रदेश में जून व जुलाई हेतु मांग के अनुरूप आपूर्ति के लिए पर्याप्त बिजली उपलब्ध है। राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं से लगभग 1.25 करोड़ किसानों एवं घरेलू उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में 1044 करोड़ का अनुदान देकर राहत दी गई है, जिससे लगभग 43 लाख उपभोक्ताओं के बिजली बिल शून्य हो गए हैं।
गहलोत ने कहा कि प्रदेश सरकार की सक्रियता एवं बेहतर प्रबन्धन से राज्य में विद्युत आपूर्ति सुचारू हो गई है। किसानों को आर्थिक राहत देने के लिए चलाई गई मुख्यमंत्री किसान मित्र योजना में लगभग 12.66 लाख से अधिक किसानों को कृषि विद्युत कनेक्शनों पर 291.54 करोड़ का अनुदान दिया गया है। प्रदेश के 1.15 करोड़ से अधिक घरेलू उपभोक्ताओं को बिजली बिल में राहत देने के लिए मुख्यमंत्री घरेलू विद्युत अनुदान योजना अन्तर्गत 752.58 करोड़ का अनुदान दिया गया है। इससे लगभग 36 लाख घरेलू उपभोक्ताओं व 7 लाख किसानों का बिजली बिल शून्य हो गया है।
CM बोले कि कोयला आपूर्ति में आ रही समस्या चिंतनीय है प्रदेश सरकार केन्द्र से वार्ता कर इसके जल्द से जल्द निस्तारण के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। प्रदेश के कई जिलों में वर्तमान में फसलों की सिंचाई का कार्य चल रहा है। सिंचाई की आवश्यकता को देखते हुए किसानों को बिजली की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित की जाए ताकि फसलों को पर्याप्त पानी मिले और किसानों को राहत मिल सके। 2024 तक प्रदेश में 4.88 लाख किसानों को चरणबद्ध रूप से नवीन कृषि विद्युत कनेक्शन दिए जाएंगे। किसानों को राहत प्रदान करने के लिए प्रदेश में लंबित कृषि विद्युत कनेक्शन आवेदनों को जल्द से जल्द जारी करने के निर्देश दिए।
बैठक में ऊर्जा राज्यमंत्री भंवर सिंह भाटी, मुख्य सचिव ऊषा शर्मा, प्रमुख शासन सचिव वित्त अखिल अरोरा, प्रमुख शासन सचिव ऊर्जा भास्कर. ए. सावंत, आरवीपीएनएल के सीएमडी टी. रविकांत, आरवीयूएनएल के सीएमडी आर.के. शर्मा, ऊर्जा विभाग के सलाहकार ए.के. गुप्ता सहित ऊर्जा विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।